आखिर क्या है इसरो की रोबोट व्योममित्र के बारे में पूरी सच्चाई?

आखिर क्या है इसरो की रोबोट व्योममित्र के बारे में पूरी सच्चाई?

व्योमित्र भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) द्वारा निर्मित पहली महिला ह्यूमनॉइड है, जो अंतरिक्ष यात्रियों के साथ गगनयान, एक चालक दलित अंतरिक्ष यान में सवार होगी जनवरी 2022 के आसपास मानवयुक्त अंतरिक्ष यान मिशन से पहले, एक मानव परीक्षण के लिए मानव रहित यात्रा पर जाएगी। यह दो भाषाएं बोल सकता है- हिंदी और अंग्रेजी और कई कार्य करती है। यह मानव गतिविधि की नकल कर सकती है, अन्य मनुष्यों को पहचान सकता है, और उनके प्रश्नों का जवाब दे सकती है। तकनीकी रूप से, यह पर्यावरण नियंत्रण और जीवन समर्थन प्रणाली कार्य, स्विच पैनल संचालन संभाल सकती है, और पर्यावरणीय वायु दबाव परिवर्तन चेतावनी दे सकती है। 1 दिसंबर 2020 और जुलाई 2021 में मानव रहित मानव रहित मिशन पर जाएंगे। इसरो ने 22 जनवरी 2020 को बेंगलुरु, भारत में मानव अंतरिक्ष यान और अन्वेषण संगोष्ठी में व्योमित्र का अनावरण किया।


  • व्योमित्र इस रोबोट को इसरो ने इंसानों की तरह बनाया है, इसका चेहरा एक लड़की जैसा है, इसके शरीर का सिर्फ ऊपरी हिस्सा बनाया गया है इसलिए इसे Half Humanoid नाम दिया गया है, इसके पीछे की वजह यह है कि अंतरिक्ष में गुरुत्वाकर्षण नहीं होता है और ऐसी स्थिति में अंतरिक्ष में चला नहीं जा सकता है और इसलिए वहां इस रोबोट को पैरों की जरूरत नहीं होगी।
  • इस साल व्योम मित्र को पहले मानव रहित गगनयान मिशन के तहत अंतरिक्ष में भेजा जाएगा व्योमित्र को सभी कार्य कर सकती है जो एक अंतरिक्ष यात्री कर सकता है।
  • व्योमित्र लाइव ऑपरेशन करने में भी सक्षम है, व्योमित्र एक मानव की तरह कार्य करेगी और इसरो को इस बारे में पूरी रिपोर्ट करेगी, ये इसरो के कमांड सेंटर के लगातार संपर्क में रहेगी। इसरो एक प्रयोग के तौर पर व्योमित्र को अंतरिक्ष में भेजेगा ताकि मानव मिशन के दौरान आने वाली किसी भी तरह की बाधा का पहले से पता लगाया जा सके। 
  • इसरो दिसंबर 2021 में पहली बार मानवयुक्त यान अंतरिक्ष में भेजेगा, इसके लिए चार अंतरिक्ष यात्रियों का चयन भी कर लिया गया है, गगनयान मिशन को नासा, रूस और अन्य अंतरराष्ट्रीय स्पेस एजेंसी भी मदद कर रही है, आशा है कि भारत भविष्य में एक दिन चीन, अमेरिका, जापान के साथ खड़ा नजर आयेगा...                                          
                                                                                                   

                              

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